जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में सुरक्षाबलों व आतंकियों के बीच मुठभेड़ में दो आतंकी ढेर,आतंकियों की गोली से एक जवान घायल

जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में सुरक्षाबलों व आतंकियों के बीच मुठभेड़ में दो आतंकी ढेर,आतंकियों की गोली से एक जवान घायल

दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिले के मित्रिगम इलाके में सुरक्षाबलों ने बुधवार की रात मुठभेड़ में दो आतंकियों को मार गिराया। मारे गए आतंकियों की अभी शिनाख्त नहीं हुई है।

ये आतंकी प्रवासी मजदूरं पर हमले में शामिल रहे थे। इनके पास से 2 एके 47 भी बरामद हुई हैं।

आतंकियों की गोली से एक जवान घायल हो गया है। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मुठभेड़ स्थल पर कुछ और आतंकियों के फंसे होने की आशंका है। सुरक्षा बलों का आपरेशन जारी है।

पुलिस के अनुसार, सुरक्षा बलों को सूचना मिली थी कि मित्रिगम इलाके में जैश-ए- मोहम्मद के कुछ आतंकी मौजूद हैं। इनमें एक विदेशी भी है। इसके बाद सुरक्षाबलों ने इलाके को घेर कर तलाशी अभियान शुरू किया। इसी दौरान आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर फायरिंग कर दी। दोनों ओर गोलीबारी में देर रात एक आतंकी मारा गया। रात होने के बावजूद सुरक्षाबलों ने कुछ और आतंकी मौजूद होने की आशंका के चलते घेराबंदी कड़ी कर दी है। दोनों ओर से रुक-रुक कर फायरिंग हो रही है। 

कश्मीर में तीन मददगार व जैश के दो हाइब्रिड आतंकी गिरफ्तार

कश्मीर घाटी में मंगलवार को आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई में सुरक्षा बलों ने कुलगाम में पंच के हत्यारे हिजबुल मुजाहिदीन के मॉड्यूल का भंडाफोड़ कर तीन मददगारों को गिरफ्तार किया है। एक अन्य घटना में बारामुला में जैश-ए-मोहम्मद के दो हाइब्रिड आतंकी भी हत्थे चढ़े हैं। पकड़े गए आतंकियों व मददगारों से असलहे, ग्रेनेड तथा अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई हैं। पुलिस ने बताया कि कुलगाम के कुलपोरा के पंच मोहम्मद याकूब डार की दो मार्च को आतंकियों ने हत्या कर दी थी। मामले की जांच के दौरान पता चला कि इसमें हिजबुल का हाथ है।

पाकिस्तानी हैंडलरों के निर्देश, कुलगाम में पंचायत प्रतिनिधियों को निशाना बनाएं

हिजबुल के सक्रिय आतंकी फारूक अहमद भट निवासी चेकी यारीपोरा को पाकिस्तानी हैंडलरों से निर्देश मिला था कि वह कुलगाम में पंचायत प्रतिनिधियों को निशाना बनाए। इसके आधार पर उसने आतंकी अब्दुल रहमान राथर निवासी अशमुजी को वारदात की जिम्मेदारी सौंपी। इसमें मददगार नसर अहमद वानी, आदिल मंजूर राथर व माजिद मोहम्मद राथर को भी साथ लेने की हिदायत दी गई। जांच में एक अन्य कुलपोरा निवासी इदरीस अहमद डार की भूमिका भी सामने आई। पता चला है कि उसने आतंकी संगठन का दामन थाम लिया है। पुलिस ने बताया कि जिस मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया गया है वह 11 मार्च को हुई सरपंच मोहम्मद अब्दुल्लाह मीर की हत्या से जुड़े मॉड्यूल के भी संपर्क में था।

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