संवाददाता अमित कुमार गुप्ता 

Indore:  प्रवासी भारतीय सम्मेलन में दो देशों के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री समेत 29 देशों के राजनयिक और 75 से ज्यादा देशों के 3200 सौ से अधिक डेलीगेट्स शामिल हो रहे हैं.

इनमें 50 लोगों को जेड प्लस  सुरक्षा दी जाएगी. पूरे आयोजन की सुरक्षा के लिए 10 हजार पुलिस बल के जवान तैनात किए गए हैं. इंदौर में कार्यक्रम स्थल के पास ही हाईटेक कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां तीन बड़ी स्क्रीन लगाई गई हैं. यहां से लाइव मानिटरिंग की जा रही है.

पुलिस कमिश्रनर हरिनारायणचारी मिश्र ने बताया कि वीआईपी डेलीगेट्स की सुरक्षा में तीन डीआईजी, 15 एसपी स्तर के अधिकारी शामिल हैं. सात हजार अतिरिक्त पुलिसकर्मी और हमारे पुलिस बल के साथ कुल 10 हजार पुलिस जवान सुरक्षा व्यवस्था में किए गए हैं. ड्रोन और वॉच टावर की मदद से सुरक्षा व्यवस्था संभाली जा रही है. वहीं प्रमुख पयर्टन स्थलों पर भी अस्थायी चौकी बनाई गई है.

पांच दिन तक एयरपोर्ट से लेकर आयोजन स्थल तक पूरे समय चप्पे-चप्पे पर पुलिस का पहरा रहेगा. दो शिफ्ट में पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है. इसके साथ ही 20 आइपीएस अधिकारियों की अलग-अलग स्थानों पर ड्यूटी लगाई गई है. ये एयरपोर्ट मार्ग, पार्किंग स्थल, सभास्थल और उसके बाहर की व्यवस्था देखेंगे. एयरपोर्ट से लेकर आयोजन स्थल स्थल समेत जहां-जहां वीआइपी और अतिथियों का आवागमन रहेगा, वहां सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. आयोजन स्थल के अलावा 250 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं.

कार्यक्रम स्थल के अलावा इंदौर में जिन जगह अतिथियों का आवागमन ज्यादा रहेगा, वहां विशेष सुरक्षा व्यवस्था रहेगी. पुलिस ने खजराना गणेश मंदिर, छप्पन दुकान, सराफा, होटल, माल की सुरक्षा के लिए विशेष व्यवस्था की है. इन जगह मेहमानों के लिए हेल्प डेस्क भी लगाई जाएगी. 

उन्होंने बताया कि इसके साथ ही पुलिसकर्मियों को अतिथियों से कैसा व्यवहार रखना है, इसकी समझाइश दे दी गई है. कार्यक्रम में आने वाले अतिथियों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है. इसमें फोन के साथ ही वाट्सएप के माध्यम से पुलिस से संपर्क कर सकते हैं. अतिथियों को जो क्यूआर कोड मिलेगा, उसे स्कैन करने पर हेल्पलाइन नंबर प्राप्त होगा.अतिथियों को किसी प्रकार की परेशानी न आए, इसका पुलिस ध्यान रखेगी. अतिथि 0731-4927100 और 7587630100 पर संपर्क कर सकते हैं. सभी मेहमान विदेश से आ रहे हैं, इसलिए कोविड प्रोटोकाल का पालन होगा. वहीं सम्मेलन के दौरान आम जनता को परेशानी न हो इसका पूरा प्रयास किया जाएगा.