यूपी के गाजियाबाद में युवक अरुण की हत्या मामले में पुलिस ने एक अपराधी को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार अपराधी ने स्वीकार किया है कि गाड़ी अड्डा विवाद के चलते अरुण की हत्या की गई थी.

बता दें कि बॉडी बिल्डर अरुण के पिता ने इस मामले में पुलिस थाने में एक शिकायत दर्ज कराई थी. इसके बाद पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर लगातार शहर के अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर रही थी.

25 अक्टूबर की रात सवा टीला मोड़ इलाके में भोपुरा-लोनी रोड पर कुछ लोगों ने अरुण के सिर पर ईटों से हमला कर दिया था. इस हमले में अरुण की मौत हो गई थी. मामले की जांच दौरान इस हत्याकांड में चिरंजीव शर्मा उर्फ कल्लू पंडित का नाम सामने आया था. 27 अक्टूबर की रात पुलिस ने हत्या के आरोपी चिरंजीव शर्मा को करन गेट चौराहे से गिरफ्तार कर लिया.

दाहिने पैर में लगी गोली

पुलिस के मुताबिक, कार्रवाई के दौरान चिरंजीव शर्मा ने पुलिसकर्मी की सर्विस पिस्टल छीनकर भागने की कोशिश की थी. जब पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश की तो उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी. पुलिस द्वारा आत्मरक्षा के लिए की गई फायरिंग में चिरंजीव शर्मा के दाहिने पैर में गोली लगी. उसे इलाज के लिए अस्पताल में भेजा गया है.

पूछताछ के दौरान अन्य साथियों के बताए नाम

पूलिस की पूछताछ के दौरान आरोपी चिरंजीव ने हत्या की वारदात में शामिल अपने अन्य साथियों के नाम और पते बताए हैं, जिनकी तलाश की जा रही है. पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल सेलेरियो कार को बरामद कर लिया है. पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अरुण की पत्नी भाई दूज मनाने के लिए मंगलवार को अपने मायके गई थी. अरुण खुद रात में करीब नौ बजे उसे बस में बैठाकर लौट रहा था. उस समय एक ढाबे पर खाना खाने के लिए रूका. उसी समय उसके दो दोस्त भी अपने कुछ अन्य साथियों के साथ वहां पहुंच गए. बताया जा रहा है कि खाना खाने के बाद इनके बीच पार्किंग के लिए कुछ विवाद हो गया. इसके बाद आरोपियों ने उसकी पीट पीटकर हत्या कर दी.