PM नरेंद्र मोदी ने कोच्चि में आयोजित एक समारोह में भारतीय नौसेना को ताकतवर स्वदेशी एयरक्राफ्ट करियर INS Vikrant सौंपते हुए कहा कि यह विराट और विशिष्ट है. इस अवसर पर PM ने नौसेना की सभी शाखाओं को महिलाओं के लिए खोलने की घोषणा की.

कोचीन शिपयार्ड में निर्मित INS विक्रांत का कुल वजट 45 हजार टन है. इसकी लंबाई 860 फीट और चौड़ाई 203 फीट है. कुल क्षेत्रफल 2.5 एकड़ है. अधिकतम गति 52 किमी प्रतिघंटा है. इसमें लगे जनरल इलेक्ट्रिक के टरबाइन 1.10 लाख हॉर्सपावर की ताकत देते हैं. इसकी स्ट्राइक रेंज 1500 किमी है, वहीं सेलिंग रेंज 15 हजार किमी है. एयरक्राफ्ट करियर को बनाने में 76% स्वदेशी सामग्रियों का उपयोग किया गया है. इसमें 30 से 35 युद्धक विमान रखे जा सकते हैं.

INS विक्रांत से 32 बराक-8 मिसाइलें दागी जा सकती हैं. लॉन्चिंग वर्टिकल सिस्टम से होती है. सतह से हवा में मार करने वाली बराक मिसाइलें 500 मीटर से 100 KM तक हमला या बचाव के लिए दाग सकते हैं. 60 किग्रा का वॉरहेड ले जाने वाली मिसाइल का डेटोनेशन सिस्टम हार्ड टू किल है. इसकी अधिकतम गति 2469 किमी प्रतिघंटा होती है.

इसके अलावा इसमें 4 ओटोब्रेडा 76 mm के ड्यूल पर्पज कैनन लगे हैं. इसे रिमोट से चलाते हैं. यह 76.2 मिलीमीटर कैलीबर की तोप है. 360 डिग्री घुमकर दुश्मन के विमान, हेलिकॉप्टर, फाइटर जेट या युद्धपोत पर फायरिंग कर सकती है. इसकी रेंज 16 से 20 किलोमीटर तक होती है. इसके अलावा विक्रांत पर चार AK 630 CIWS प्वाइंट डिफेंस सिस्टम गन लगी है. यह एक घूमने वाली तोप होती है, जो टारगेट की दिशा में घूमकर फायरिंग करती रहती है. इसे चलाने के लिए सिर्फ एक आदमी की जरुरत होती है. यह 10 हजार राउंड्स प्रति मिनट की दर से फायरिंग करती है.

INS विक्रांत पर MiG-29K फाइटर जेट्स, अमेरिकी MH-60R मल्टीरोल नेवल हेलिकॉप्टर, भारतीय ALH Dhruv और कामोव केए-31 AEW हेलिकॉप्टर तैनात होंगे. एमएच-60आर को रोमियो हेलिकॉप्टर भी बुलाया जाता है. वहीं आने वाले दिनों में इस विमानवाहक पोत में तैनात किए जाने वाले लड़ाकू विमान की नौसेना तलाश कर रहा है, जिसमें भारतीय वायुसेना में शामिल राफेल के अलावा सुपर हॉर्नेट शामिल हैं.

INS विक्रांत के अंदर 16 बेड का अस्पताल भी है. दो ऑपरेशन थियेटर हैं. प्राइमरी मेडिकल कॉम्प्लेक्स हैं. इसमें 40 कंपार्टमेंट्स हैं, जो पूरे जहाज पर फैले हुए हैं. अस्पताल में सीटी स्कैन, लेबोरेटरी, अल्ट्रासोनोग्राफी, एक्स-रे की सुविधा भी है. इसके अलावा दो डेंटल चेयर और ट्रीटमेंट फैसिलिटी भी है. मेडिकल टीम में 5 मेडिकल ऑफिसर और 16 पैरामेडिक्स शामिल हैं.

INS विक्रांत में अत्याधुनिक किचन है, जो दिन भर में 5000 थाली परोस सकता है. विमानवाहक पोत पर एक समय में 1500 से लेकर 1700 नौसैनिक तैनात रहेंगे. इसमें 3 गैली है, जो मिलकर दिनभर में 5000 मील्स बना सकते हैं. यानी इमरजेंसी या युद्ध की स्थिति में किसी भी सैनिक को किचन में लगने की जरुरत नहीं पडे़गी. किचन में नौसैनिक 3 शिफ्ट में 20 घंटे लगातार काम करते हैं.